हृदय विदारक : दादी की गोद में पोते ने त्यागे प्राण , एक दूसरे से लिपटे मिले शव को सब देखकर हर आंख हुई नम

जिला सिरमौर के सिरमौरी ताल में बादल फटने से हुए हादसे में पांच लोगों की जान चली गई। इस हादसे में जहां दो शव पिछले कल बरामद कर लिए थे , वहीं आज तीन शवों को रेस्क्यू टीम द्वारा निकल गया

Aug 11, 2023 - 19:53
Aug 15, 2023 - 19:30
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हृदय विदारक : दादी की गोद में पोते ने त्यागे प्राण , एक दूसरे से लिपटे मिले शव को सब देखकर हर आंख हुई नम
अंकिता शर्मा - पांवटा साहिब  11-08-2023
जिला सिरमौर के सिरमौरी ताल में बादल फटने से हुए हादसे में पांच लोगों की जान चली गई। इस हादसे में जहां दो शव पिछले कल बरामद कर लिए थे , वहीं आज तीन शवों को रेस्क्यू टीम द्वारा निकल गया। जब इन शवों को निकाला गया तो यह नजारा बड़ा हृदय विदारक था। बताते हैं कि जब रेस्क्यू टीम जमीदोज हुए भवन के तल में पहुंची तो वहां तीन शब्द पड़े हुए थे। पहले महिला का शव बरामद किया , उसके कुछ देर बाद दादी और पोते के शवों को मलबे में से निकल गया , लेकिन दादी और पोते का शव निकालते हुए रेस्क्यू टीम की भी आंखें नम हो गई। 
 
बताते हैं कि इस हृदय विदारक नजारे को देखते ही लोगों की आंखें भर आई। दादी ने अपने पोते को गोद में जकड़ रखा था। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है की दादी ने आखिरी दम तक अपने पोते को बचाने का प्रयास किया , लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। यदि इस प्राकृतिक आपदा में हुए हादसे की बात करते हैं तो छह लोगों के परिवार में से केवल मात्र एक विनोद कुमार ही जीवित बच पाया है। बाकी उसका हंसता खेलता परिवार मौत के आगोश में सो गया। 
 
बताते हैं कि विनोद हादसे से कुछ ही समय पहले अपनी मौसेरी बहन को सुरक्षित स्थान पर ले जाने के लिए निकला था , लेकिन 10 मिनट के अंदर ही सब कुछ खत्म हो चुका था और इस हादसे में विनोद कुमार मां-बाप सहित पत्नी और दो मासूम बच्चों को खो चुका था। अब इस परिवार में केवल विनोद ही एकमात्र जिंदा बचे हैं। वह भी जिंदा लाश से कम नहीं है , क्योंकि अपनों के शवों को देखकर विनोद बेहोश हो जाता है। 
  
बुधवार की शाम को जिला सिरमौर के पांवटा साहिब विकासखंड की ग्राम पंचायत मुंगलोवाला के सिरमौरी ताल में बादल फटने से बाढ़ आ गई , जिससे सिरमौरी ताल में कई मकान मलबे की जद में आ गए , लेकिन अन्य मकानों को तो कुछ क्षति पहुंची है और लोग भी सुरक्षित स्थानों पर पहुंच गए। मगर विनोद कुमार को यह हादसा ऐसा जख्म दे गया जो भविष्य में कभी भी नासूर बन सकता है। इस हादसे में विनोद की माता , पिता , पत्नी , बेटा और बेटी भी हमेशा के लिए अलग हो गए। आज तीसरे दिन रेस्क्यू टीम ने मलबे में दफन अन्य तीन शवों को भी निकाल लिया। 

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