फ्यूल चार्ज लगाने के फैसले की भाजपा मीडिया प्रभारी ने की निंदा
हिमाचल प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं पर एक बार फिर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने जा रहा है। बिजली बोर्ड द्वारा उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में फ्यूल चार्ज जोड़ने की प्रक्रिया शुरू किए जाने के बाद घरेलू उपभोक्ताओं के मासिक बिलों में 50 से 150 रुपये तक की बढ़ोतरी होने की संभावना है। इस फैसले को लेकर भाजपा ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है।
यंगवार्ता न्यूज नाहन 19 जून, 2026 :
हिमाचल प्रदेश में बिजली उपभोक्ताओं पर एक बार फिर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ने जा रहा है। बिजली बोर्ड द्वारा उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में फ्यूल चार्ज जोड़ने की प्रक्रिया शुरू किए जाने के बाद घरेलू उपभोक्ताओं के मासिक बिलों में 50 से 150 रुपये तक की बढ़ोतरी होने की संभावना है। इस फैसले को लेकर भाजपा ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है।
भाजपा सिरमौर जिला मीडिया प्रभारी राकेश गर्ग ने बिजली बोर्ड के इस निर्णय की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार ने विधानसभा चुनावों के दौरान प्रदेश की जनता को 300 यूनिट मुफ्त बिजली देने का वादा किया था, लेकिन सत्ता में आने के बाद जनता को राहत देने के बजाय नए-नए शुल्क लगाकर आर्थिक बोझ बढ़ाया जा रहा है।
राकेश गर्ग ने कहा कि प्रदेश की जनता पहले से ही बढ़ती महंगाई और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कीमतों से परेशान है। ऐसे में बिजली बिलों पर फ्यूल चार्ज लगाना आम लोगों की जेब पर सीधा प्रहार है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार अपने चुनावी वादों को पूरा करने में विफल रही है और अब बिजली उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त शुल्क लगाकर अपनी नाकामियों का बोझ जनता पर डाल रही है।
उन्होंने कहा कि घरेलू उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में 50 से 150 रुपये तक की संभावित बढ़ोतरी से मध्यम वर्ग, कर्मचारियों, किसानों और गरीब परिवारों पर अतिरिक्त आर्थिक दबाव पड़ेगा। भाजपा नेता ने सरकार से इस फैसले पर पुनर्विचार करने और आम जनता को राहत देने की मांग की।राकेश गर्ग ने कहा कि कांग्रेस ने चुनाव से पहले प्रदेशवासियों को 300 यूनिट बिजली का भरोसा दिया था, लेकिन वर्तमान में हालात इसके बिल्कुल विपरीत नजर आ रहे हैं
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