रेणुका बांध विस्थापितों ने सौंपा मांग पत्र, मांगे पूरी न होने तक टेस्टिंग रोकने का ऐलान
रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति की मीटिंग हुई जिसमें दर्जनों लोगों ने भाग दर्जनों लोगों ने भाग लिया। मीटिंग रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति के अध्यक्ष विजय ठाकुर के नेतृत्व में और विस्थापितों के मांगों को लेकर चर्चा की गई। चर्चा में विशेष रूप से हाउसलेस के मिलने वाली ग्रांटों के बारे में छह परिवार जिनको एचपीपीसीएल निकालने की तैयारी में है
श्री रेणुका जी 05 मई, 2026 :
रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति की मीटिंग हुई जिसमें दर्जनों लोगों ने भाग दर्जनों लोगों ने भाग लिया। मीटिंग रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति के अध्यक्ष विजय ठाकुर के नेतृत्व में और विस्थापितों के मांगों को लेकर चर्चा की गई। चर्चा में विशेष रूप से हाउसलेस के मिलने वाली ग्रांटों के बारे में छह परिवार जिनको एचपीपीसीएल निकालने की तैयारी में है और एचपीपीसीएल के द्वारा विस्थापित एरिया में होने वाली टेस्टिंग के बारे में चर्चा हुई।
रेणुका बांध समिति में ने यह भी फैसला लिया है कि डूब क्षेत्र में किसी भी प्रकार की कोई टेस्टिंग नहीं होगी जब तक हमारी मुख्य मांगों को पूरा नहीं कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि जीएम ने हमें यह विश्वास दिया की जो विस्थापितों की जमीन है जिसको सभी विस्थापित भाइयों ने नकारा है उसके बारे में एक बार फिर से अपनी हाई कमान से बात करेंगे और एक महीने के बाद कुछ ना कुछ अच्छी खबर विस्थापितों के लिए दे सकते है ऐसा हमें विश्वास दिया है।
साथ में यह भी कहा कि 10 दिन के अंदर हाउसलेस के लेटर सभी को पहुंच जाएंगे। रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति ने टनलों का काम जो पटेल कंपनी के द्वारा किया जा रहा है उस पर भी सवाल उठाए हैं क्योंकि अभी तक डैम प्रशासन को चरागा में आने वाले पेड़ पौधों की परमिशन वन एवं पर्यावरण विभाग द्वारा नहीं मिली है। लेकिन वह फिर भी पेड़ पौधों को काट रहे हैं और मिट्टी में दबा रहे हैं जो की कानून का उल्लंघन है इसके अलावा जहां पर कंस्ट्रक्शन वर्क चला हुआ है। उसमें निकलने वाले मलबे को वही नदी में डाला जा रहा है जोकि वह ऐसा नहीं कर सकते क्योंकि उन्होंने डापिंग साइड सुनिश्चित की है। उसके लिए जगह ली है इसके बावजूद भी वो सारा मिट्टी का मलवा नदी में डाल रहे है जिसका रेणुका बांध विस्थापित संघर्ष समिति कड़ा विरोध करती है और आने वाले समय में यदि ऐसा चलता रहा तो हम इस कार्य को बंद कर देंगे।
इस संदर्भ में रेणुका DFO साहब से भी बात हुई है उन्होंने कहा यदि ऐसा है तो हम इसके ऊपर उचित कार्यवाही करेंगे। इस मीटिंग में संयोजक विनोद ठाकुर, सह कोषाध्यक्ष कमल राज शर्मा, सलाहकार सतपाल तोमर, पूरन चंद शर्मा, राजेश शर्मा, कमल राज, हरिश्चंद्र, प्रकाश शर्मा, रामस्वरूप इत्यादि दर्जनों लोगों ने भाग लिया।
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