यंगवार्ता न्यूज़ - मंडी 24-06-2026
अतिरिक्त उपायुक्त गुरसिमर सिंह की अध्यक्षता में बुधवार को जोनल अस्पताल मंडी की रोगी कल्याण समिति (आरकेएस) की शासी निकाय की बैठक आयोजित की गई। बैठक में अस्पताल की वित्तीय स्थिति, मरीजों को उपलब्ध करवाई जा रही सुविधाओं तथा अस्पताल के रखरखाव एवं विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए ओपीडी पर्ची शुल्क को 10 रुपए करने के प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई। अतिरिक्त उपायुक्त गुरसिमर सिंह ने कहा कि पर्ची शुल्क की व्यवस्था शुरू करने से पहले यह सुनिश्चित किया जाए कि यदि किसी रोगी को एक से अधिक चिकित्सकों से परामर्श लेना हो तो वह एक ही पर्ची के माध्यम से सभी चिकित्सकों को दिखा सके।
उन्होंने कहा कि मरीजों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और ऐसी व्यवस्था बनाई जाए जिससे उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने अस्पताल प्रशासन को पर्ची शुल्क के भुगतान के लिए क्यूआर कोड आधारित डिजिटल भुगतान व्यवस्था शुरू करने के भी निर्देश दिए, ताकि मरीजों को नकद भुगतान की असुविधा से बचाया जा सके और शुल्क जमा करने की प्रक्रिया सरल एवं पारदर्शी बन सके। अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि जोनल अस्पताल मंडी क्षेत्रों के लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संस्थान है। अस्पताल की सेवाओं को निरंतर बेहतर बनाए रखने तथा आवश्यक संसाधनों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए एक स्थायी वित्तीय व्यवस्था आवश्यक है और रोगी कल्याण समिति के माध्यम से प्राप्त होने वाली राशि का उपयोग पूरी पारदर्शिता के साथ केवल मरीजों के हित में किया जाएगा। वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक एवं सदस्य सचिव आरकेएस डॉ दिनेश ठाकुर ने प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप जोनल अस्पताल मंडी में ओपीडी पर्ची शुल्क 10 रुपये निर्धारित करने का प्रस्ताव रखा गया है।
यह शुल्क रोगी कल्याण समिति के माध्यम से अस्पताल की सुविधाओं के रखरखाव और उन्नयन के लिए एक नाममात्र का उपयोगकर्ता शुल्क होगा। प्रस्तावित व्यवस्था से रोगी कल्याण समिति को प्रतिवर्ष लगभग 32 से 35 लाख रुपये की अतिरिक्त आय प्राप्त होने का अनुमान है, जिसका उपयोग अस्पताल में आवश्यक चिकित्सा उपकरणों के रखरखाव, छोटे-मोटे मरम्मत कार्यों, आवश्यक उपभोग्य सामग्रियों की उपलब्धता तथा मरीजों को बेहतर सुविधाएं प्रदान करने में किया जाएगा। बैठक के दौरान विभिन्न चिकित्सा जांच को निर्धारित शुल्क के साथ संचालित किए जाने के प्रस्ताव को भी स्वीकृति प्रदान की गई। इस अवसर पर प्रेस क्लब के अध्यक्ष सुभाष ठाकुर ने रोगी कल्याण समिति की आय में वृद्धि के लिए अस्पताल की कैंटीन को पुनः शुरू करने की संभावनाएं तलाशने का सुझाव दिया।
इस पर अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि अस्पताल की कैंटीन शुरू होने से न केवल रोगियों और उनके तीमारदारों को सुविधा मिलेगी, बल्कि रोगी कल्याण समिति की आय में भी वृद्धि होगी। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को इस दिशा में आवश्यक प्रयास करने के निर्देश दिए। बैठक में अतिरिक्त आयुक्त नगर निगम विजय कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी व वरिष्ठ चिकित्सा अधीक्षक एवं सदस्य सचिव आरकेएस डॉ दिनेश ठाकुर, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अरिंदम रॉय, जिला विकास अधिकारी ग्रामीण विकास गोपी चंद पाठक, जिला कल्याण अधिकारी समीर, व्यापार मंडल के प्रधान राजा महेंद्रू तथा प्रेस क्लब के अध्यक्ष सुभाष ठाकुर सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।