वीर बाल दिवस पर हरिद्वार भाजपा ने साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह जी की शहादत को किया याद

जिला भाजपा कार्यालय हरिद्वार पर सिखों के दसवें गुरु गोविंद सिंह जी के पुत्रों साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह जी की शहादत की स्मृति में आज 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस मनाया गया। इस अवसर पर मुख्य वक्ता निर्मली पंचायती अखाड़े के कोठारी महंत जसविंदर सिंह शास्त्री ने कहा कि वीर बाल दिवस पर हम साहिबजादो की असाधारण वीरता और बलिदान को याद करते हैं छोटी सी आयु में ही वे अपने विश्वास और सिद्धांतों पर अडिग रहे

Dec 26, 2025 - 19:51
Dec 26, 2025 - 19:59
 0  18
वीर बाल दिवस पर हरिद्वार भाजपा ने साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह जी की शहादत को किया याद
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media
 
सनी वर्मा - हरिद्वार  26-12-2025

जिला भाजपा कार्यालय हरिद्वार पर सिखों के दसवें गुरु गोविंद सिंह जी के पुत्रों साहिबजादे बाबा जोरावर सिंह और बाबा फतेह सिंह जी की शहादत की स्मृति में आज 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस मनाया गया। इस अवसर पर मुख्य वक्ता निर्मली पंचायती अखाड़े के कोठारी महंत जसविंदर सिंह शास्त्री ने कहा कि वीर बाल दिवस पर हम साहिबजादो की असाधारण वीरता और बलिदान को याद करते हैं छोटी सी आयु में ही वे अपने विश्वास और सिद्धांतों पर अडिग रहे और अपने साहस से आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित किया उनके बलिदान और वीरता तथा अपने मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता का एक उत्कृष्ट उदाहरण है हम माता गुजरी और श्री गुरु गोविंद सिंह जी की बहादुरी को भी याद करते हैं वह सदैव हमें अधिक न्याय पूर्ण और करुणामय समाज के निर्माण की दिशा में मार्गदर्शन प्रदान करते रहेंगे। 
भाजपा जिला अध्यक्ष आशुतोष शर्मा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार ने 26 दिसंबर को बाल दिवस घोषित किया जिसमें हमारे इन शहीदों की राष्ट्रीय स्मृति को संस्थागत रूप मिला। 2019 में करतारपुर कॉरिडोर खोला गया पिछले 70 वर्षों के स्वप्न को साकार करते हुए गुरुद्वारा दरबार साहिब तक वीजा मुक्त पहुंच प्रदान की गई जिसमें 2 लाख से अधिक श्रद्धालुओं को लाभ मिला और इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एसजीपीसी का कौमी सेवा पुरस्कार प्राप्त हुआ। भाजपा का कार्य सिख विरासत को राष्ट्रीय धरोहर के रूप में सुधार करना है जो सभी के लिए धर्म की रक्षा करने वाले साहिबजादों के आदर्श का प्रतिबिंब है। रानीपुर विधायक आदेश चौहान ने कहा कि 2020 में श्री हरविंदर साहिब जी को एफसीआरए पंजीकरण दिया गया जिससे वैश्विक सिख समुदाय बिना बाधाओं के सेवा में योगदान दे सके। इसके साथ-साथ प्रकाश पर्व के अवसर पर सिक्कों , डाक टिकटों, फिल्मों और विश्व व्यापी कार्यक्रमों के साथ आगे बढ़ाया गया। दिल्ली विश्वविद्यालय और महाराष्ट्र के विद्यालय में भारतीय इतिहास में सिख बलिदान जैसे नए पाठ्यक्रमों को शामिल किया गया। 
जो सप्ताह अभी चल रहा है (21 दिसंबर से लेकर 27 दिसम्बर तक) इन्हीं 7 दिनों में गुरु गोबिंद सिंह जी का पूरा परिवार शहीद हो गया था। 21 दिसंबर को गुरु गोविंद सिंह द्वारा परिवार सहित आनंदपुर साहिब किला छोङने से लेकर 27 दिसम्बर तक के इतिहास को हम भुला बैठे हैं। एक ज़माना था जब यहाँ पंजाब में इस हफ्ते सब लोग ज़मीन पर सोते थे और कुछ आज भी जमीन पर सौते है क्योंकि माता गूजरी कौर ने वो रात दोनों छोटे साहिबजादों (बाबा जोरावर सिंह व बाबा फतेह सिंह) के साथ, नवाब वजीर खां की गिरफ्त में सरहिन्द के किले में ठंडी बुर्ज में गुजारी थी। यह सप्ताह सिख इतिहास में गर्व का सप्ताह होता है। आज हर भारतीय को विशेषतः युवाओं व बच्चों को इस जानकारी से अवगत कराना जरुरी है। हर भारतीय को हिंदुस्तान के वीर शहजादों को याद करना चाहिये। 
भाजपा जिला हरिद्वार भाजपा सह प्रभारी दीपक धमीजा  ने कहा कि गुरु साहिब अपने दोनों बड़े पुत्रों सहित चमकौर के मैदान में पहुंचे। चमकौर की जंग शुरू और दुश्मनों से जूझते हुए गुरु साहिब के बड़े साहिबजादे  बाबा अजीत सिंह उम्र महज 17 वर्ष और छोटे साहिबजादे बाबा जुझार सिंह उम्र महज 14 वर्ष अपने 11 अन्य साथियों सहित देश की रक्षा के लिए वीरगति को प्राप्त हुए। तीनों को सरहिंद पहुंचाया गया और वहां ठंडे बुर्ज में नजरबंद किया गया। छोटे साहिबजादों को नवाब की अदालत में पेश किया गया और उन्हें धर्म परिवर्तन करने के लिए लालच दिया गया। साहिबजादा बाबा जोरावर सिंह उम्र महज 8 वर्ष और साहिबजादा बाबा फतेह सिंह उम्र महज 6 वर्ष को तमाम जुल्म के उपरांत जिंदा दीवार में चीनकर (गला रेत) कर शहीद किया गया और खबर सुनते ही माता गुजर कौर ने अपने साँस त्याग दिए। 
कार्यक्रम संयोजक और जिला उपाध्यक्ष लव शर्मा ने कहा कि धन्य हैं गुरु गोविन्द सिंह जी जिन्होंने धर्म रक्षार्थ अपने पुत्रों को शहीद करवा दिया। इस अवसर पर मनोज गर्ग , योगेश चौहान , विकास तिवारी , परमेंद्र सिंह गिल , सरदार निर्मल सिंह , सरदार चंचल सिंह , सीमा चौहान , प्रीति गुप्ता ,जसवीर चौधरी , संदीप अग्रवाल , रिशु चौहान , रितु ठाकुर , विनीत जोली , तरुण नय्यर , धर्मेंद्र सिंह चौहान , नकली राम सैनी , प्रशांत शर्मा , दीपांशु शर्मा , रेनू शर्मा, सुषमा चौहान ,रजनी वर्मा, विमल डोंडियाल ,सरिता अमोली, विक्रम चौहान , प्रशांत शर्मा ,कमला नेगी, कामिनी सड़ाना , राजवीर सिंह कश्यप , तिलक राम सैनी, राजेंद्र कटारिया, पृथ्वी सिंह राणा ,रविंद्र चौधरी, लोकेश पाल, अभिनव चौहान, अमित सैनी, विजयपाल चौहान, पंकज बागड़ी, सुबाह सिंह, विपिन शर्मा ,अरुण चौहान ,राजवीर कला, देवकीनंदन पुरोहित, वीरेन्द्र बोरी,मनोज कुमार वर्मा, डॉ राजकुमार सैनी, शुभम मंडोला ,राजन मेहता, कमल प्रधान ,सुनील कुमार, अजय कुमार ,अनुज त्यागी, राजेंद्र तंवर ,उधम सिंह चौहान, विनय चौहान वासु पाराशर ,संगीता राठौर ,अनुज पाल , सहित भाजपा कार्यकर्ता और पदाधिकारी उपस्थित रहे।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow