शिमला 07 मई, 2026 :
प्रदेश में अगर किसी परिवार के मुखिया विशेषकर ससुर का सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा है तो उसकी बहू अब पंचायत चुनाव नहीं लड़ पाएगी। सरकार ने इस संबंध में एक ऑर्डिनेंस पारित किया है, जिसे राज्यपाल ने मंजूरी दे दी है। चुनाव के लिए नामांकन शुरू होने से ठीक पहले सरकार की ओर से लाए गए ऑर्डिनेंस का असर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहीं कई संभावित महिला प्रत्याशियों पर पड़ेगा।
अब तक के प्रावधानों के अनुसार यदि परिवार के मुखिया ने सरकारी जमीन पर अतिक्रमण किया होता था तो भी उस परिवार की बहुएं चुनाव लड़ सकती थीं, जबकि बेटा, बेटी (जिसकी शादी न हुई हो) दादा-दादी चुनाव नहीं लड़ सकते हैं। अब संशोधन के बाद बहुओं को दी गई छूट भी समाप्त कर दी गई है। सरकार का तर्क है कि पंचायत स्तर पर पारदर्शिता और कानून का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के लिए यह कदम जरूरी था। इससे अवैध कब्जों पर अंकुश लगेगा। सूत्र बताते हैं कि मंगलवार शाम ऑर्डिनेंस का सर्कुलर जारी कर इस पर मंत्रियों की सहमति ली गई, इसके बाद इसे मंजूरी के लिए राज्यपाल को भेजा गया। बताया जा रहा है कि राजभवन के कर्मचारी फाइल लेकर सुंदरनगर पहुंचे और यहां ऑर्डिनेंस पर राज्यपाल के हस्ताक्षर कराए गए।