ईवीएम और संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाना कांग्रेस की हार की हताशा और निराशा का प्रमाण : बिहारी लाल शर्मा

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रभारी श्रीकांत शर्मा के शिमला स्थित भाजपा मुख्यालय दीपकमल चक्कर पहुंचने पर भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बिहारी लाल शर्मा ने उनका गर्मजोशी के साथ स्वागत एवं अभिनंदन किया। इस दौरान प्रदेश संगठन महामंत्री सिद्धार्थन सहित संगठन के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ आगामी पंचायती राज एवं नगर निकाय चुनावों को लेकर महत्वपूर्ण संगठनात्मक बैठक आयोजित की गई

May 6, 2026 - 17:43
 0  5
ईवीएम और संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाना कांग्रेस की हार की हताशा और निराशा का प्रमाण : बिहारी लाल शर्मा
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media

शिमला 06 मई, 2026 : 


भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रभारी श्रीकांत शर्मा के शिमला स्थित भाजपा मुख्यालय दीपकमल चक्कर पहुंचने पर भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बिहारी लाल शर्मा ने उनका गर्मजोशी के साथ स्वागत एवं अभिनंदन किया। इस दौरान प्रदेश संगठन महामंत्री सिद्धार्थन सहित संगठन के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ आगामी पंचायती राज एवं नगर निकाय चुनावों को लेकर महत्वपूर्ण संगठनात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में बूथ सशक्तिकरण, चुनावी रणनीति, संगठन विस्तार, कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारियां तथा प्रदेश में राजनीतिक परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा की गई। भाजपा प्रदेश प्रभारी श्रीकांत शर्मा का यह हिमाचल दौरा आगामी चुनावों की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश प्रभारी श्रीकांत शर्मा ने भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री सिद्धार्थन से विशेष मुलाकात कर पश्चिम बंगाल सहित तीन राज्यों में भारतीय जनता पार्टी की ऐतिहासिक विजय पर शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह जीत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व, भाजपा कार्यकर्ताओं की मेहनत और जनता के विश्वास की जीत है।


इस अवसर पर भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बिहारी लाल शर्मा ने कांग्रेस पार्टी और मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि विपक्ष ने हर चुनावी हार के बाद ईवीएम और संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाना अपनी राजनीतिक आदत बना लिया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में राजनीतिक लड़ाई विचारधारा, जनसमर्थन और संगठनात्मक क्षमता के आधार पर लड़ी जाती है, न कि संवैधानिक संस्थाओं को बदनाम करके।


बिहारी लाल शर्मा ने कहा कि पश्चिम बंगाल, असम और अन्य राज्यों में भाजपा की विजय जनता का स्पष्ट और लोकतांत्रिक जनादेश है, लेकिन कांग्रेस इसे स्वीकार करने की बजाय ईवीएम को दोष देकर अपनी हताशा प्रकट कर रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू बंगाल और असम में ईवीएम पर सवाल उठाते हैं, लेकिन केरल में कांग्रेस गठबंधन की जीत पर पूरी तरह मौन साध लेते हैं। इससे कांग्रेस का दोहरा चरित्र उजागर होता है।


उन्होंने कहा कि कांग्रेस यह भूल जाती है कि हिमाचल प्रदेश, कर्नाटक और तेलंगाना में उनकी सरकारें भी इसी चुनावी प्रक्रिया और ईवीएम के माध्यम से बनी हैं। यदि भाजपा की जीत पर ईवीएम संदिग्ध है तो फिर कांग्रेस की जीत को भी उसी कसौटी पर परखा जाना चाहिए।


बिहारी लाल शर्मा ने कहा कि कांग्रेस अपनी राजनीतिक विफलताओं और जनता द्वारा लगातार नकारे जाने की हकीकत स्वीकार नहीं कर पा रही है। जनता कांग्रेस की नीतियों, नेतृत्व और भ्रम फैलाने वाली राजनीति से ऊब चुकी है। इसलिए हर चुनाव के बाद कांग्रेस कभी ईवीएम, कभी चुनाव आयोग और कभी संवैधानिक संस्थाओं को कटघरे में खड़ा करने लगती है।


उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले दस वर्षों में देश में व्यापक सुधार हुए हैं। ब्रिटिश शासनकाल के हजारों पुराने और अप्रासंगिक कानून समाप्त किए गए हैं तथा जनता के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने वाले नए कानून बनाए गए हैं। चुनाव आयोग ने चुनावी प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी एवं मजबूत बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुधार किए हैं, लेकिन कांग्रेस इन सुधारों का भी राजनीतिक कारणों से विरोध करती रही है।


बिहारी लाल शर्मा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में कांग्रेस लगातार चुनाव हार रही है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस ने अब तक अनेक चुनावों में हार का सामना किया है और यदि यही स्थिति रही तो 2027 तक कांग्रेस चुनावी हार का शतक पूरा कर लेगी। उन्होंने कहा कि जब कांग्रेस चुनाव हारती है तो वह ईवीएम पर सवाल उठाती है और जब जीतती है तो उसी व्यवस्था की तारीफ करने लगती है।


उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने पहले ईवीएम को बंद करने की मांग की, फिर रिमोट हैकिंग का आरोप लगाया, फिर वीवीपैट की 100 प्रतिशत जांच की मांग उठाई, लेकिन कभी भी आत्ममंथन नहीं किया। कांग्रेस को अपनी राजनीतिक कमजोरियों और जनता से बढ़ती दूरी पर विचार करना चाहिए।


बिहारी लाल शर्मा ने कहा कि हिमाचल प्रदेश में भी कांग्रेस सरकार से जनता पूरी तरह निराश हो चुकी है। प्रदेश में विकास कार्य ठप पड़े हैं, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार बढ़ा है तथा कानून व्यवस्था की स्थिति बिगड़ी है। जनता अब कांग्रेस सरकार को हटाने का मन बना चुकी है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले पंचायती राज एवं नगर निकाय चुनावों में भाजपा को भारी समर्थन मिलेगा और कांग्रेस को करारी हार का सामना करना पड़ेगा।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow