विश्वविद्यालय नवाचार, शोध कौशल एवं अन्य सह-शैक्षणिक गतिविधियों में निभा रहा है अहम भूमिका : मुख्यमंत्री

हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय, हमीरपुर के लिए वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 76.07 करोड़ रुपये का महत्वाकांक्षी एवं दूरदर्शी वार्षिक बजट पारित कर तकनीकी शिक्षा, शोध और नवाचार के क्षेत्र में एक नई दिशा निर्धारित की है। कुलपति एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. अभिषेक जैन की अध्यक्षता में आयोजित वित्त समिति की बैठक में व्यापक विचार-विमर्श के बाद इस बजट को स्वीकृति प्रदान की गई

Apr 20, 2026 - 20:06
Apr 20, 2026 - 20:26
 0  3
विश्वविद्यालय नवाचार, शोध कौशल एवं अन्य सह-शैक्षणिक गतिविधियों में निभा रहा है अहम भूमिका : मुख्यमंत्री
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media

यंगवार्ता न्यूज़ - हमीरपुर  20-04-2026

हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय, हमीरपुर के लिए वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 76.07 करोड़ रुपये का महत्वाकांक्षी एवं दूरदर्शी वार्षिक बजट पारित कर तकनीकी शिक्षा, शोध और नवाचार के क्षेत्र में एक नई दिशा निर्धारित की है। कुलपति एवं तकनीकी शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. अभिषेक जैन की अध्यक्षता में आयोजित वित्त समिति की बैठक में व्यापक विचार-विमर्श के बाद इस बजट को स्वीकृति प्रदान की गई, जिसे विश्वविद्यालय के शासी मंडल (बीओडी) द्वारा भी अनुमोदित किया गया। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि इस विश्वविद्यालय का उद्देश्य केवल पारंपरिक शिक्षा प्रदान करना ही नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को नवाचार, शोध कौशल और विविध सह-शैक्षणिक गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करना है। 
यह बजट विद्यार्थियों के शैक्षणिक सशक्तिकरण के साथ-साथ उनके सर्वांगीण विकास को गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि विश्वविद्यालय में इन सभी गतिविधियों का नियमित और प्रभावी संचालन सुनिश्चित किया जाएगा, जिससे विद्यार्थियों का सर्वांगीण विकास संभव होगा। उन्होंने कहा कि उद्यमिता विकास कार्यक्रम , औद्योगिक अनुभव एवं प्रशिक्षण पर विश्वविद्यालय का विशेष फोकस रहेगा, ताकि विद्यार्थी व्यावहारिक ज्ञान के साथ-साथ आत्मनिर्भर बनने की दिशा में भी आगे बढ़ सकें। कुलपति डॉ. अभिषेक जैन ने बताया कि विश्वविद्यालय शीघ्र ही पीएच.डी. कार्यक्रम प्रारंभ करने जा रहा है, जिसे न केवल विश्वविद्यालय परिसर बल्कि इसके संबद्ध संस्थानों में भी लागू किया जाएगा। यह पहल प्रदेश में शोध संस्कृति को सुदृढ़ करने और उच्च शिक्षा के स्तर को नई ऊंचाइयों तक ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। उन्होंने कहा कि यह बजट तकनीकी विश्वविद्यालय की उस प्रगतिशील सोच का परिचायक है, जिसमें शिक्षा, शोध, कौशल विकास और उद्यमिता का संतुलित समावेश है। 
यह पहल निस्संदेह प्रदेश के तकनीकी शिक्षा परिदृश्य को नई ऊंचाइयों तक ले जाने में मील का पत्थर साबित होगी। शोध एवं नवाचार को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से पहली बार विशेष बजट का प्रावधान किया गया है। आधुनिक प्रयोगशालाओं, उपकरणों एवं तकनीकी अवसंरचना के विकास के लिए 3 करोड़ रुपये तथा पुस्तकों, ई-पुस्तकों एवं शोध पत्रिकाओं के लिए 1 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं, जो विश्वविद्यालय की गुणवत्ता उन्नयन के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। विश्वविद्यालय द्वारा अकादमिक, अनुसंधान, उद्योग एवं समाज में उत्कृष्ट योगदान देने वाले विशिष्ट व्यक्तियों को सम्मानित करने के लिए मानद पीएचडी. उपाधि प्रदान करने का भी प्रावधान किया जाएगा। साथ ही सक्रिय शोध मार्गदर्शन को बढ़ावा देने हेतु प्रत्येक पीएच.डी. गाइड को शोधार्थी के शोध कार्य को सफलतापूर्वक पूर्ण होने पर 50,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी, जिससे संकाय सदस्यों में शोध के प्रति और अधिक उत्साह उत्पन्न होगा। 
पीएच.डी. कार्यक्रम के सुचारू संचालन के लिए एक विस्तृत एवं समग्र प्रस्ताव तैयार किया जाएगा, जिसमें ढांचा, विनियम, पात्रता मानदंड, प्रवेश प्रक्रिया, शोध दिशा-निर्देश, मूल्यांकन तंत्र तथा वित्तीय प्रावधानों का समावेश होगा। विद्यार्थियों के समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के बजट को 25 लाख से बढ़ाकर 55 लाख रुपये किया गया है। इसके अतिरिक्त, छात्र क्लब, कैंपस प्लेसमेंट, सॉफ्ट स्किल विकास, औद्योगिक प्रशिक्षण, लैंगिक संवेदनशीलता एवं विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के प्रोत्साहन हेतु पहली बार विशेष प्रावधान किए गए हैं। उद्यमिता विकास कार्यक्रम के लिए दो करोड़ रुपये तथा औद्योगिक अनुभव एवं प्रशिक्षण के लिए एक करोड़ रुपये का प्रावधान यह दर्शाता है कि विश्वविद्यालय अब विद्यार्थियों को केवल नौकरी के लिए नहीं, बल्कि रोजगार सृजन के लिए भी तैयार करने की दिशा में अग्रसर है। वहीं, छात्र गतिविधियों एवं कौशल विकास के लिए कुल 70 लाख रुपये निर्धारित किए गए हैं।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow