मणि महेश यात्रा के कुप्रबंधन को छुपाने में लगा सरकार और प्रशासन  : जयराम ठाकुर 

शिमला से जारी बयान में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि मणिमहेश यात्रा में प्राकृतिक आपदा की वजह से श्रद्धालुओं को कठिनाई उठानी ही पड़ी लेकिन सरकार की नाकामी की वजह से भी श्रद्धालु बहुत निराश

Aug 31, 2025 - 18:47
 0  20
मणि महेश यात्रा के कुप्रबंधन को छुपाने में लगा सरकार और प्रशासन  : जयराम ठाकुर 
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media

यात्रा से आए लोग खोल रहे हैं सरकार की पोल, मंत्री पर बदसलूकी का आरोप लगना शर्मनाक 

नेता प्रतिपक्ष ने फागू में सुनी मन की बात, प्रधानमंत्री के स्वदेशी अभियान से जुड़ने की अपील 

यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला   31-08-2025

शिमला से जारी बयान में नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि मणिमहेश यात्रा में प्राकृतिक आपदा की वजह से श्रद्धालुओं को कठिनाई उठानी ही पड़ी लेकिन सरकार की नाकामी की वजह से भी श्रद्धालु बहुत निराश हुए। वहां 5 दिन लोग फंसे रहे लेकिन सरकार की तरफ से आपदा की व्यापकता के हिसाब से कोई भी प्रभावी कदम नहीं उठाए गए। 

मुख्यमंत्री बिहार में बिना चुनाव ही चुनावी यात्रा में व्यस्त रहे। विपक्ष के विरोध और देश भर में हो रही थू–थू के बाद वह चंबा तो गए लेकिन वहां भी उन्होंने सिर्फ खाना पूर्ति कर वापसी कर ली। स्थानी लोगों का आरोप है कि वह भरमौर से वापस लौट आए। जहां हद से ज्यादा नुकसान हुआ है और जहां मणिमहेश यात्रा के  ज्यादातर श्रद्धालु फंसे हैं, उन क्षेत्रों का  का सर्वेक्षण भी नहीं किया। 

जहां तक सड़के हैं, वहीं से वह वापस आ गए। मणि  महेश यात्रा के हादसे के बारे में सरकार बहुत कुछ छुपा रही है। प्रत्यक्ष दर्शियों के अनुसार बताया जा रहा है कि उनके सामने ही लोग बह गए हैं। लेकिन सरकार उन आरोपों को झूठला रही है। जो लोग आपदा क्षेत्र से कई दिन पैदल चलकर निकल पाए हैं वह सरकार की पोल खोल रहे हैं। 

प्रशासन पांच दिन तक उनका हाल चाल लेने  नहीं पहुंचा। हिंदुओं की आस्था की प्रमुख मणिमहेश जैसी यात्रा में सरकार की उदासीनता बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। 
जयराम ठाकुर ने कहा कि इतनी बड़ी यात्रा में हुई त्रासदी के बीच लोगों को सरकार द्वारा उनके हाल पर छोड़ दिया गया। चॉपर द्वारा पांच लोगों को चंबा पहुंचने के लिए 75 हजार रुपए वसूले गए। 

आपदा को अवसर बनाने वाले लोगों पर सरकार का कोई नियंत्रण नहीं है। सरकार लोगों को रेस्क्यू करने के झूठे आंकड़े दे रही है। अभी भी वहां लोग हजारों की संख्या में लोग फंसे हुए हैं। उनका क्या हाल है और जो लोग फंसे हैं उनके परिवार की क्या स्थिति है इसका सिर्फ अंदाजा लगाया जा सकता है। जिम्मेदार मंत्री वहां जाकर भी श्रद्धालुओं से बहस करने में व्यस्त हैं? 

सरकार की नाकामी से त्रस्त लोग जब मंत्री से सवाल पूछ रहे हैं तो मंत्री उनसे पूछ रहे हैं कि उन्हें किसने बुलाया था? मंत्री पर इस तरीके के आरोप लगना बहुत शर्मनाक है। क्या आपदा ग्रस्त लोगों से इस तरीके की भाषा का इस्तेमाल और बर्ताव किया जाना चाहिए? क्या इसी तरीके से हिंदू श्रद्धालुओं को राहत पहुंचाई जाएगी? 

जयराम ठाकुर ने कहा कि मणिमहेश यात्रा के दौरान आपदा की वजह से फंसे लोगों का चंबा के स्थानीय लोगों ने भरपूर ध्यान रखा और उन्हें अतिथि की तरह मान सम्मान दिया। यही हमारी परंपरा और  संस्कृति है। अतिथि देवो भव की हमारी परंपरा को चरितार्थ करने और मणि महेश यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की देवदूत बन कर मदद करने वाले सभी हिमाचल वासी बधाई के पात्र हैं।

नेता प्रतिपक्ष ने आज शिमला जिला के फागू में दुनिया की सबसे लोकप्रिय रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' सुनी। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा स्वदेशी अभियान को सहयोग और समर्थन देने के आह्वान का समर्थन करते हुए सभी प्रदेशवासियों से स्वदेशी को तरजीह देने की अपील की। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने आपदा प्रभावितों को ज्यादा से ज्यादा सहयोग देने कीअपील की। 

हिमाचल प्रदेश तन मन धन से आपदा प्रभावितों के साथ है।  हिमाचल प्रदेश में आपदा प्रभावितों के लिए भारतीय जनता पार्टी के साथ-साथ आम लोगों ने भी भरपूर सहयोग दिया। चाहे उन्हें आर्थिक सहायता देनी हो या उनके घर तक राहत सामग्री पहुंचानी हो हिमाचल प्रदेश के लोगों ने पूरे उत्साह और समर्पण के साथ यह कार्य किया है। 

लोगों के सहयोग का परिणाम है कि आपदा के दौरान ही हम हर प्रभावित तक राशन खाद्य सामग्री पहुंचाने में सफल हुए थे और आपदा प्रभावितों की यथासंभव मदद की थी। प्रधानमंत्री के आह्वाहन पर आज भी हिमाचल प्रदेश के लोग त्रासदी का दंश झेल रहे लोगों के साथ खड़े हैं। मणिमहेश की त्रासदी में चंबा के लोगों ने अतिथि देवो भव की परंपरा का जो परिचय दिया हुआ है प्रशंसनीय है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow