दियोटसिद्ध में स्थित बाबा बालक नाथ के प्रसाद रोट ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बनाई अपनी पहचान  

बाबा बालक नाथ के प्रसाद रोट की मिठास अब देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी पहुंच रही है। हमीरपुर जिले के दियोटसिद्ध में स्थित बाबा बालक नाथ के प्रसाद रोट ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई

Feb 11, 2026 - 16:11
 0  14
दियोटसिद्ध में स्थित बाबा बालक नाथ के प्रसाद रोट ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बनाई अपनी पहचान  
Paras School Sadak Suraksha Doon Valley Deeserve Media
Paras School Sadak Suraksha Doon Valley Deeserve Media

यंगवार्ता न्यूज़ - हमीरपुर    11-02-2026

बाबा बालक नाथ के प्रसाद रोट की मिठास अब देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी पहुंच रही है। हमीरपुर जिले के दियोटसिद्ध में स्थित बाबा बालक नाथ के प्रसाद रोट ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है। 

दियोटसिद्ध में बाबा बालक नाथ के लिए बनने वाला रोट का प्रसाद देश की सीमाओं को लांघ कर इंग्लैंड और कनाडा में पहुंच रहा है। विदेशों में रहने वाले बालयोगी के श्रद्धालु इन्हें ऑनलाइन मंगवाकर बाबा का आशीर्वाद प्राप्त कर रहे हैं।

दुकानदार रजत का कहना है कि इस रोट को वह सीधे तौर पर नहीं भेज पा रहे हैं, लेकिन अगर प्रशासन व्यवस्था बनाए तो इसे व्यापारिक रूप से और अधिक बढ़ाया जा सकता है। दुकानदारों की मानें तो विदेश में रह रहे भारतीय अपने रिश्तेदारों के माध्यम से इसकी डिलीवरी ले रहे हैं। इन्हें इंग्लैंड और कनाडा भेज रहे हैं। 

विदेशों में भेजे जाने वाले रोट को स्पेशल रूप से तैयार किया जाता है। इसे ग्राहक की डिमांड के अनुसार तैयार किया जाता है। इसे देशी घी में मेवे के साथ आटे और मैदे में बनाया जाता है। इसकी कीमत 40 रुपये से 60 रुपये तक होती है। यह लंबे समय तक खाने के योग्य रहता है। 

एक साल में करीब 20 ऑर्डर मिलते हैं। दुकानदार रजत का कहना है कि माता चिंतपूर्णी मंदिर की तरह इसे ऑनलाइन प्लेटफार्म मिलता है तो इसे और अधिक विस्तार दिया जा सकता है, क्योंकि बाहरी देशों में रहने वाले भारतीय भी इसकी खरीद कर सकते हैं।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow