कंपनियां अपने उत्पादों का रेट बढ़ाने के बजाय अब उसका वजन कम कर बाजार में उतार रही नई पैकिंग
देश हो या प्रदेश कंपनियां अपने उत्पादों का रेट बढ़ाने के बजाय अब उसका वजन कम कर नई पैकिंग बाजार में उतार रही है। आइए खेल समझते हैं रिफाइंड तेल और देसी घी के नए स्टॉक की पैकिंग के जरिए
यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला 27-02-2026
देश हो या प्रदेश कंपनियां अपने उत्पादों का रेट बढ़ाने के बजाय अब उसका वजन कम कर नई पैकिंग बाजार में उतार रही है। आइए खेल समझते हैं रिफाइंड तेल और देसी घी के नए स्टॉक की पैकिंग के जरिए। यदि आपको भी कोई दुकानदार दूसरी दुकान से सस्ते रेट पर रिफाइंड तेल और देसी घी बेच रहा है तो खरीदने से पहले एक बार उसका वजन चेक कर लें।
बाजारों में बिक रही नई तरह ही पैकिंग से आप गुमराह हो सकते हैं। दरअसल, ग्राहकों को महंगा सामान बेचने के लिए कई कंपनियों ने नया फार्मूला निकाला है।इसमें कंपनियां अपने उत्पादों का रेट बढ़ाने के बजाय अब उसका वजन कम कर नई पैकिंग बाजार में उतार रही है। इनमें रिफाइंड तेल और देसी घी का नया स्टॉक नई पैकिंग में आया है।
राजधानी शिमला के बाजारों में पहली बार रिफाइंड तेल तीन तरह की पैकिंग में बिक रहा है। इनमें 600 एमएल, 700 से 750 एमएल और 910 एमएल की पैकिंग शामिल हैं। इनमें 600 और 700 एमएल की पैकिंग नई है। 600 एमएल रिफाइंड पैक 115 से 120 रुपये में उपलब्ध है जबकि परंपरागत 910 एमएल का रिफाइंड पैक 160 रुपये तक मिल रहा है। इससे ग्राहक गुमराह हो रहे हैं।
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