सरकार के प्रयासों से बरोट घाटी में लपास वॉटर फॉल का होगा सौंदर्यीकरण, उपायुक्त ने जारी कार्यों का लिया जायजा

हिमाचल के अनछुए पर्यटन स्थलों को विकसित कर यहां अधिक से अधिक पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए प्रदेश सरकार की ओर से ठोस कदम उठाए जा रहे

Jan 12, 2026 - 18:48
Jan 12, 2026 - 19:20
 0  8
सरकार के प्रयासों से बरोट घाटी में लपास वॉटर फॉल का होगा सौंदर्यीकरण, उपायुक्त ने जारी कार्यों का लिया जायजा
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media
Paras School The Rose Orchid World School Admission Doon Valley Deeserve Media

यंगवार्ता न्यूज़ -  मंडी   12-01-2026

हिमाचल के अनछुए पर्यटन स्थलों को विकसित कर यहां अधिक से अधिक पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए प्रदेश सरकार की ओर से ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू की पहल पर इसके लिए राज्य से लेकर जिला स्तर तक सार्थक प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में बरोट घाटी के सुप्रसिद्ध लपास वॉटर फॉल को विकसित करने के लिए जिला प्रशासन की ओर से कार्य शुरू किया गया है। 

उपायुक्त अपूर्व देवगन ने चौहार घाटी की सुरम्य वादियों में स्थित लपास का दौरा किया और यहां पर्यटन विकास की संभावनाओं पर संबंधित हितधारकों के साथ व्यापक विचार-विमर्श किया। उन्होंने बताया कि बरोट घाटी के अनुपम सौंदर्य को देखने के लिए हर साल हजारों की संख्या में पर्यटक यहां पहुंचते हैं। 

अनछुए पर्यटक स्थलों के विकास के लिए प्रदेश सरकार की संकल्पना को साकार करते हुए बरोट के समीप अन्य दर्शनीय स्थलों को भी पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि लपास के वॉटर फॉल के सौंदर्यीकरण का कार्य विभिन्न चरणों में किया जा रहा है। यहां तक पैदल रास्ते का निर्माण करने सहित अन्य मूलभूत सुविधाएं प्रदान की जाएंगी। 

उन्होंने बताया कि पैदल रास्ते का लगभग 70 प्रतिशत कार्य पूरा कर लिया गया है। झरने के समीप एक आकर्षक फुट ब्रिज (पैदल पुल) का भी निर्माण किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त यहां पर सौर ऊर्जा चालित बिजली की व्यवस्था भी की जा रही है। 

उपायुक्त ने बताया कि इस स्थल को पर्यटन की दृष्टि से विकसित करने में स्थानीय लोगों का भी सहयोग लिया जा रहा है। यहां कारोबार कर रहे व स्थानीय लोगों को यहां साफ-सफाई सहित अन्य गतिविधियों में शामिल किया गया है। स्थानीय कारोबारियों की समिति गठित कर यहां स्वच्छता के लिए विशेष कदम उठाए जाएंगे। 

मंडी से बरोट सड़क मार्ग पर बरोट पहुंचने से लगभग 6 किमी पहले लपास गांव के लिए सम्पर्क सड़क जाती है। यहां से लगभग 7 कि.मी. का सफर तय कर लपास गांव पहुंचा जा सकता है। पहाड़ी आलू व राजमाह के लिए मशहूर इस क्षेत्र में पुराने पारम्परिक लकड़ी के घर हैं। 

गांव के पास की घाटी में एक खूबसूरत झरना है, जिसे एक आकर्षक पिकनिक स्पॉट के तौर पर विकसित किया जा रहा है। यहां आने वाले पर्यटकों को झरने से बनी एक छोटी झील भी काफी आकर्षित करती है। 

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow