विधानसभा में कांग्रेस-भाजपा में टकराव , कम नहीं हुआ सियासी पारा दोनों पार्टियों के विधायकों ने की नारेबाजी 

विधानसभा के बाहर दिन की शुरुआत से ही राजनीतिक सरगर्मी तेज़ थी। कांग्रेस केंद्र सरकार पर 1500 करोड़ की आपदा राहत राशि रोकने का आरोप लगाती नजर आई , वहीं भाजपा ने कर्मचारियों की ग्रेच्युटी, मेडिकल बिल और पेंशन न मिलने को लेकर सरकार को घेरा। कांग्रेस के प्रदर्शन के हटते ही भाजपा विधायकों ने भीख मांग कर भाग गए जैसे नारे लगाए , जिसके बाद दोनों दलों के नेताओं की बयानबाज़ी और अधिक तेज़ हो गई। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि तीसरे दिन भी सरकार अपनी नाकामियों को छिपाने में लगी है

Nov 28, 2025 - 18:02
Nov 28, 2025 - 18:20
 0  44
विधानसभा में कांग्रेस-भाजपा में टकराव , कम नहीं हुआ सियासी पारा दोनों पार्टियों के विधायकों ने की नारेबाजी 

यंगवार्ता न्यूज़ - धर्मशाला  28-11-2025
विधानसभा के बाहर दिन की शुरुआत से ही राजनीतिक सरगर्मी तेज़ थी। कांग्रेस केंद्र सरकार पर 1500 करोड़ की आपदा राहत राशि रोकने का आरोप लगाती नजर आई , वहीं भाजपा ने कर्मचारियों की ग्रेच्युटी, मेडिकल बिल और पेंशन न मिलने को लेकर सरकार को घेरा। कांग्रेस के प्रदर्शन के हटते ही भाजपा विधायकों ने भीख मांग कर भाग गए जैसे नारे लगाए , जिसके बाद दोनों दलों के नेताओं की बयानबाज़ी और अधिक तेज़ हो गई। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कहा कि तीसरे दिन भी सरकार अपनी नाकामियों को छिपाने में लगी है। उन्होंने कहा कि हम शांतिपूर्वक धरना दे रहे थे , लेकिन कांग्रेस विधायक तख्तियां लेकर हमारे बीच आकर माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे थे। 
कांग्रेस अपनी गारंटियां केंद्र के पैसों से पूरी करना चाहती है। ऐसा छल एक दिन नहीं चलेगा। प्रधानमंत्री ने पैसा देने का वादा किया है , लेकिन ये सरकार आपदा राहत को अपने ऐशो-आराम में उड़ाना चाहती है। हम इसे किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे। सुलह के एमएलए विपिन परमार  सरकार ने कर्मचारियों और पेंशनधारकों के हक को महीनों से रोका गया है। हम आज तीसरे दिन भी यही मांग दोहरा रहे हैं। सरकार सिर्फ भाषण न दे , भुगतान करे। ग्रेच्युटी , मेडिकल बिल और पेंशन जैसे अधिकारों पर राजनीति बेहद शर्मनाक है। कर्मचारी सड़क पर हैं और सरकार आंखें मूंदकर बैठी है। भाजपा विधायक सुधीर शर्मा ने कहा कि सरकार के पास न मुद्दा है, न जवाब। आपदा के पैसों का पूरा हिसाब गायब है। आज जो तख्तियां लेकर कांग्रेस के विधायक अंदर पहुंचे। वे मुख्यमंत्री की गाड़ी में भेजी गई थीं। यह पूरा ड्रामा मुख्यमंत्री की शह पर हुआ है। प्रदेश को गुमराह करके राजनीति करने की यह कोशिश अब उजागर हो चुकी है। 
शाहपुर के विधायक  केवल पठानिया ने कहा कि 1500 करोड़ की घोषणा प्रधानमंत्री ने खुद की थी , लेकिन आज तीसरा दिन है , पैसा अभी तक जारी नहीं हुआ। हम प्रदेश की आपदा राहत के लिए खड़े हैं।यह किसी दल का मुद्दा नहीं , यह हिमाचल की पीड़ा का सवाल है और हम इस पर चुप नहीं बैठ सकते। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी कहा कि हम प्रदेश के हक और अधिकार की लड़ाई लड़ रहे हैं। लेकिन विपक्ष सच बोलने पर बौखला जाता है। उन्हें सिर्फ राजनीति करनी है, जनता की चिंता नहीं। हम हर मंच पर हिमाचल की आवाज उठाएंगे चाहे कोई कितनी भी आलोचना कर ले। इंदौरा से विधायक मलेन्द्र राजन ने कहा कि भाजपा शोर मचाने में माहिर है, समाधान देने में नहीं। उनके समय में भी कई आपदा फाइलें केंद्र में अटकी रहीं और आज वही हम पर उंगली उठा रहे हैं। 
हम प्रदेश की बेहतरी के लिए काम कर रहे हैं भाजपा सिर्फ भ्रम फैलाने में लगी है। मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी व विधायक देहरा कमलेश ठाकुर ने कहा कि ये प्रदेश की जनता का हक है कोई राजनीति नहीं। हिमाचल ने भारी तबाही झेली है। राहत राशि हर परिवार की जरूरत है।आज तीसरे दिन भी हम इसी हक की आवाज उठा रहे हैं और तब तक उठाते रहेंगे , जब तक प्रदेश को न्याय नहीं मिल जाता। विधायक भरमौर से विधायक डॉ. जनक राज ने कहा कि कांग्रेस सरकार के पास कर्मचारियों और पेंशनधारकों का पैसा देने का कोई जवाब नहीं है। सारी ऊर्जा नाटक, भाषण और बहानेबाजी में लगी है। प्रदेश का कर्मचारी परेशान है , लेकिन सरकार तमाशा देखने में व्यस्त है। हमें इसका जवाब चाहिए और प्रदेश भी जवाब चाहता है। 

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow

src="https://sgp1.digitaloceanspaces.com/cdn.iqwing.co.in/uploads/Deeserve%20Media%202.2_.jpg" width="500" height="900" alt="Deeserve Media Poster" loading="lazy" />
src="https://sgp1.digitaloceanspaces.com/cdn.iqwing.co.in/uploads/Deeserve%20Media%202.2_.jpg" width="340" height="600" alt="Deeserve Media Poster" loading="lazy" />