यंगवार्ता न्यूज़ - नाहन 18-03-2025
सिरमौर जिला मुख्यालय नाहन में आज मेरे शहर के 100 रत्न स्कॉलरशिप प्रोग्राम की शुरुआत हुई। राज्य स्तर पर इस स्कोलरशिप प्रोग्राम का शुभारंभ मुख्यमंत्री द्वारा किया गया था। योजना के तहत हर विधानसभा क्षेत्र के 100 बच्चे नामी कोचिंग सेंटर क्रेक एकेडमी से मुफ्त कोचिंग ले पाएंगे। जिस पर अनुमानित 34 करोड़ रुपए का निवेश होगा। श्वेतांक पांडेय ने बताया कि राज्य सरकार की सहायता से कोचिंग के लिए मुफ्त परीक्षा आयोजित करवाई जाएगी और उसके बाद हर विधानसभा क्षेत्र से 100 छात्रों का चयन किया जाएगा और छात्रों को उनकी इच्छा के अनुसार इच्छा के मुताबिक कोर्स करवाया जाएगा।
उन्होंने कहा कि सरकार के साथ हुए एमओयू के मुताबिक करीब 4500 अनाथ बच्चों को निशुल्क कोचिंग संस्थान द्वारा उपलब्ध करवाई जाएगी और जब तक यह बच्चे अपना लक्ष्य हासिल नहीं कर लेते तब तक उनकी हर संभव मदद की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि अनाथ बच्चों मुफ्त कोचिंग के लिए कोई भी परीक्षा पास नहीं करनी पड़ेगी। कोचिंग सेंटर की चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर गुरविंदर कौर ने बताया कि हिमाचल के 68 विधानसभा क्षेत्र के 100 - 100 बच्चों को मुफ्त कोचिंग मिलेंगी जबकि 200 छात्रों को 75 प्रतिशत और उसके बाद 500 छात्रों 50 % कोचिंग पर छूट दी जाएगी।
इस तरह हर जिला से करीब 800 छात्र संस्थान के जरिए कोचिंग ले पाएंगे। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार इस योजना के तहत क्रैक एकेडमी हर विधानसभा क्षेत्र से 100 मेधावी छात्रों को मुफ्त कोचिंग देगी। इस पूरी योजना में लगभग 34 करोड़ रुपये खर्च होंगे। क्रैक एकेडमी के अनुसार चयन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए हर विधानसभा क्षेत्र के स्कूलों और कॉलेजों में परीक्षा आयोजित की जाएगी। इसमें कक्षा 6 और उससे ऊपर के छात्र भाग ले सकेंगे। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र से टॉप 100 छात्रों को मुफ्त कोचिंग मिलेगी, जबकि अगले 200 छात्रों को 75% और उसके बाद के 500 छात्रों को 50% की छूट दी जाएगी।
क्रैक एकेडमी इन छात्रों को उनके लक्ष्य प्राप्त करने तक मार्गदर्शन देगी। राज्य सरकार इस योजना को सफल बनाने में क्रैक एकेडमी को पूरा सहयोग देगी। एकेडमी टेस्ट पेपर तैयार करेगी, जबकि परीक्षा की निगरानी शिक्षा विभाग करेगा। इस अवसर पर छात्रों और अभिभावकों को जागरूक करने के लिए एक बड़े प्रचार अभियान की भी शुरुआत की गई। इस योजना का पायलट प्रोजेक्ट सबसे पहले कांगड़ा जिले की ज्वालामुखी विधानसभा में लागू किया गया था, जहां 50 स्कूलों के छात्रों ने भाग लिया। फिलहाल, ज्वालामुखी के 220 चयनित छात्रों को इस योजना के तहत मेरिट-आधारित कोचिंग मिल रही है।