यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला 25-02-2026
हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला मे यति सन्यासियों ने अखिल भारतीय संत परिषद के तत्बधान में यूजीसी के विरुद्ध हुंकार भरी। संतो ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि हमने मोदी को हिन्दू राष्ट्र के लिए चुना था , किन्तु मोदी इतिहास का सबसे बड़ा अहसान फरामोश निकला जिसने हिन्दुओ को ख़त्म करने के लिए यूजीसी एक्ट लाया हैँ जिसको संत समाज द्वारा किसी भी कीमत पर लागू नहीं होने दिया जायेगा।
आज के उपवास का नेतृत्व कर रहे यति सत्यदेवानंद सरस्वती महाराज शिष्य महामंडलेश्वर यति नरसिंहानंद गिरी जी महाराज श्री पंच दशनाम जूना अखाडा ने बताया की सरकार अगर यूजीसी को वापिस नहीं लिया तो हिन्दुओ में आपस में फूट पड़ेगी जिसका नतीजा गृह युद्ध होगा और सनातन धर्म समाप्त होकर् इस्लाम का राज होगा जिसकी पूर्ण ज़िम्मेद्दारी नरेन्द्र मोदी और भारत के नेताओं की होगी। उन्होंने कहा कि यह एक सांकेतिक उपवास है , इसको सरकार हलके में न ले। 19 मार्च को अगर फैसला सही नहीं आता तो ऐसा भूचाल आएगा जिसको कोई रोक नहीं पायेगा।
संतो के इस विरोध उपवास को समर्थन देने के लिए पहुंचे राष्ट्रीय देव भूमि पार्टी के अध्यक्ष रुमित ठाकुर ने कहा कि सरकार ने समय समय पर हिंदुओं को बांटने का काम किया है। संतों का यह कदम सराहनीय है जिसका हम पूर्ण रूप से समर्थन करते है। इस अवसर पर उनके साथ श्री पंच दशनाम आवाहन अखाड़ा के थानापति महंत यमुना गिरी जी महाराज , महंत मोहन गिरी जी महाराज , श्री महंत यति रनसिंहानंद गिरी महाराज , महंत शंकर गिरी महाराज , महंत योगी इंद्रनाथ जी महाराज , नवरात्र गिरी जी , यति अभयानंद गिरी महाराज , रमन ठाकुर , पंकज शर्मा , ओंकार चंदेल , जय देव , राकेश ठाकुर उपस्थित रहे।