आम लोगों को दें ऋण योजनाओं और डिजिटल बैंकिंग की जानकारी : अभिषेक गर्ग

जिला स्तरीय समीक्षा एवं बैंक सलाहकार समिति की बैठक बुधवार को यहां डीआरडीए के हॉल में एडीसी अभिषेक गर्ग की अध्यक्षता में आयोजित की गई। इस बैठक में गत वित्त वर्ष 2024-25 की उपलब्धियों और नए वित्त वर्ष के लक्ष्यों तथा इसके शुरुआती महीनों की प्रगति की समीक्षा की गई। इस अवसर पर एडीसी ने बताया कि 31 मार्च को वित्त वर्ष की समाप्ति पर जिला हमीरपुर के विभिन्न बैंकों में कुल जमा राशि 15593.08 करोड़ रुपये रही जोकि पिछले वर्ष से 1183.11 करोड़ रुपये अधिक है। ऋण राशि 3768.74 करोड़ रुपये रही जोकि पिछले वर्ष से 381.08 करोड़ रुपये अधिक है

Jun 18, 2025 - 19:15
 0  36
आम लोगों को दें ऋण योजनाओं और डिजिटल बैंकिंग की जानकारी : अभिषेक गर्ग
Paras School Sadak Suraksha Doon Valley Deeserve Media
Paras School Sadak Suraksha Doon Valley Deeserve Media

यंगवार्ता न्यूज़ - हमीरपुर  18-06-2025
जिला स्तरीय समीक्षा एवं बैंक सलाहकार समिति की बैठक बुधवार को यहां डीआरडीए के हॉल में एडीसी अभिषेक गर्ग की अध्यक्षता में आयोजित की गई। इस बैठक में गत वित्त वर्ष 2024-25 की उपलब्धियों और नए वित्त वर्ष के लक्ष्यों तथा इसके शुरुआती महीनों की प्रगति की समीक्षा की गई। इस अवसर पर एडीसी ने बताया कि 31 मार्च को वित्त वर्ष की समाप्ति पर जिला हमीरपुर के विभिन्न बैंकों में कुल जमा राशि 15593.08 करोड़ रुपये रही जोकि पिछले वर्ष से 1183.11 करोड़ रुपये अधिक है। ऋण राशि 3768.74 करोड़ रुपये रही जोकि पिछले वर्ष से 381.08 करोड़ रुपये अधिक है।
जिला का जमा एवं ऋण अनुपात यानि सीडी रेशो 24.17 प्रतिशत रही। इसमें भी 0.66 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। एडीसी ने कहा कि जिला के सीडी अनुपात में अभी भी काफी सुधार की संभावना है। सभी बैंक अधिकारियों को इस दिशा में कार्य करना चाहिए तथा अधिक से अधिक लोगों को ऋण योजनाओं से जोड़ना चाहिए। उन्हांेने कहा कि जिला में प्राथमिकता वाले क्षेत्रों के लिए ऋण आवंटन में लगभग 7.99 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई है। इन क्षेत्रों में कुल 2171.34 करोड़ रुपये के ऋण जारी किए गए हैं। 
कृषि क्षेत्र के लिए ऋण आवंटन में लगभग 13.94 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है जोकि काफी सराहनीय है। एडीसी ने सभी बैंकों के अधिकारियों और वित्तीय साक्षरता से जुड़े संगठनों को निर्देश दिए कि वे आम लोगों को विभिन्न ऋण योजनाओं की जानकारी देने के साथ-साथ सामाजिक सुरक्षा योजनाओं और डिजिटल बैंकिंग के बारे में भी जागरुक करें तथा उन्हें डिजिटल ठगी के प्रति सचेत करें। इस अवसर पर पंजाब नेशनल बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (आरसेटी) की गतिविधियों की समीक्षा भी की गई। 
एडीसी ने संस्थान की वर्ष 2024-25 की वार्षिक रिपोर्ट का विमोचन भी किया। बैठक में मुख्य अग्रणी जिला प्रबंधक टशी नमग्याल ने विभिन्न योजनाओं का विस्तृत ब्यौरा प्रस्तुत किया। भारतीय रिजर्व बैंक के शिमला कार्यालय के अधिकारी आशीष सांगरा ने बैंक के विभिन्न दिशा-निर्देशों से अवगत करवाया। जबकि, पीएनबी आरसेटी के निदेशक अजय कतना और नाबार्ड के डीडीएम नरेश कुमार ने अपने-अपने संस्थानों की उपलब्धियों की जानकारी दी।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow