यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला 15-03-2025
कुछ दिनों से एचपीयू शिमला में छात्र संगठनों के बीच लगातार तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा प्रदेश भर में शिमला पुलिस द्वारा अभाविप के कार्यकर्ताओं पर की जा रही एकतरफा कार्यवाही के विरुद्ध विभिन्न स्थानों पर धरने प्रदर्शन किए गए। आज शिमला उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरना प्रदर्शन किया गया। प्रदेश भर में विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं के बीच शिमला पुलिस की एकतरफा कार्यवाही के रुख को लेकर लगातार रोष बना हुआ है। नैंसी अटल (प्रदेश मंत्री) ने मीडिया में जानकारी साझा करते हुए बताया कि शिमला पुलिस केवल अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं पर ही कार्यवाही कर रही है और एसएफआई के गुंडे विश्वविद्यालय में खुलेआम घूम रहे हैं।
नैंसी ने बताया कि पिछले एक माह से एसएफआई के गुंडों द्वारा अभाविप की छात्रा कार्यकर्ताओं पर लगातार अभद्र टिप्पणियां की जा रहीं थी। नैंसी अटल ने बताया कहा कि "एस.एफ.आई एक देश विरोधी छात्र संगठन है और एस.एफ.आई के गुंडों के पास शरेआम विश्वविद्यालय में दूसरे छात्र संगठनों की छात्रा कार्यकर्ताओं पर गलत तंज कसने के अलावा और कोई कार्य नहीं बचा है।" उन्होंने बताया कि इन्हीं कारणों से छात्र संगठनों के बीच तनाव की स्थित उत्पन्न हुई और एसएफआई के गुंडों ने इसे हिंसक रुख दिया। एसएफआई के गुंडे द्वारा आज भी खुले मंच से विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं को धमकी दी जाती है कहां जाता है कि विद्यार्थी परिषद के प्रदेश अध्यक्ष और प्रदेश मंत्री की टांगे काट देंगे।
छात्राओं को मैसेज कर के कॉल करके धमकियां दे रहे है कि तुम बाहर निकले घर से तुम्हे हम बताएंगे ऐसी धमकियां उनके द्वारा विद्यार्थी परिषद के कार्यकर्ताओं को दी जा रही है। पूरे प्रदेश भर में लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति गिरती जा रही है जिला शिमला इसका आदर्श बना हुआ है। नैंसी अटल ने बताया कि अगर शिमला पुलिस इसी प्रकार केवल अभाविप के कार्यकर्ताओं पर एकतरफा कार्यवाही करती रहेगी तो पूरे प्रदेश भर में विद्यार्थी परिषद शिमला पुलिस के खिलाफ धरने प्रदर्शन करेगी।
उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन को बिना किसी सरकारी तंत्र के दबाव में आकर अपनी कार्यवाही करनी चाहिए। नैंसी ने संदेह जताया कि शिमला पुलिस सरकारी तंत्र के दबाव में आकर एकतरफा कार्यवाही कर रही है। नैंसी ने कहा कि वर्तमान प्रदेश सरकार का सदैव से ही एस.एफ.आई के लिए नर्म रुख रहा है और अगर पुलिस प्रशासन इस मामले में दोहरी कार्यवाही नहीं करेगी तो अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद प्रदेश भर में शिमला पुलिस के विरुद्ध बड़े स्तर पर प्रदेश करेगी।