ऊना के हरोली विधानसभा क्षेत्र में जमीन खरीद के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा  

हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के हरोली विधानसभा क्षेत्र में जमीन खरीद के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। आरोप है कि हिमुडा ने राजस्व विभाग के साथ मिलकर खाई-खड्डों और नालों वाली करीब 600 कनाल जमीन 28 करोड़ में खरीदकर जमीन मालिक को अनुचित लाभ पहुंचाया

Jan 21, 2026 - 11:13
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यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला    21-01-2026

हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले के हरोली विधानसभा क्षेत्र में जमीन खरीद के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। आरोप है कि हिमुडा ने राजस्व विभाग के साथ मिलकर खाई-खड्डों और नालों वाली करीब 600 कनाल जमीन 28 करोड़ में खरीदकर जमीन मालिक को अनुचित लाभ पहुंचाया है। 

प्रारंभिक जांच के बाद विजिलेंस ने जमीन मालिक के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का केस दर्ज किया है। सरकार से जांच की अनुमति मिलने के बाद आने वाले दिनों में हिमुडा और राजस्व विभाग के अधिकारी-कर्मचारी भी इस मामले में नपेंगे।

विजिलेंस ब्यूरो के अनुसार वर्ष 2013 में हिमुडा ने क्षेत्र में फ्लैट बनाने के लिए लगभग 600 कनाल भूमि खरीदने की प्रक्रिया शुरू की थी। उस समय कांग्रेस सरकार के समय शुरू हुई जमीन खरीदने की यह प्रक्रिया भाजपा के समय पूरी की गई। हिमुडा ने जमीन 28 करोड़ रुपये में जरनैल सिंह और उनके परिवार के अन्य हिस्सेदारों से खरीदी थी। 

जांच में यह सामने आया है कि जो जमीन खरीदी गई है, वह न तो समतल है और न ही फ्लैट निर्माण के योग्य है। वर्तमान में भी इस भूमि पर किसी भी तरह का डेवलपमेंट प्लान नहीं बनाया गया है। यह भी पता चला है कि सर्किल रेट के आधार पर जमीन अधिक कीमत खरीदी गई, जिससे भूमि के मालिक को अनुचित लाभ और सरकारी राजस्व का नुकसान हुआ।

किसी ने जमीन खरीद को लेकर हुए फर्जीवाड़े की शिकायत विजिलेंस ब्यूरो से की थी। शिकायत पर विजिलेंस ने प्रारंभिक जांच की तो आरोप सही पाए गए, जिसके आधार पर विजिलेंस ने जमीन मालिक पर प्राथमिकी दर्ज कर दी है। अब मामले में संलिप्त हिमुडा समेत राजस्व विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी है। 

सूत्रों के मुताबिक सरकार ने जांच की मंजूरी दी गई है। बताया जाता है कि विजिलेंस ने मामले में ऊना से लेकर शिमला सचिवालय तक हिमुडा के अधिकारियों, राजनेताओं और अन्य रसूखदारों के खिलाफ जांच शुरू कर दी है। विजिलेंस ने मामले से जुड़े सभी तथ्य एकत्र कर लिए हैं। आने वाले दिनों में मामले में गिरफ्तारियां संभव है।

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