ई परिवार सर्वेक्षण का कार्य जल्द करें पूर्ण : उपायुक्त
जिला प्रशासन शिमला जिला में प्रदेश सरकार द्वारा प्रत्येक नागरिक को डिजिटल सशक्तिकरण के माध्यम से सरकारी सेवाओं का त्वरित लाभ पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस दिशा में ई-परिवार और हिम परिवार परियोजनाएं मील का पत्थर साबित हो रही
यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला 09-01-2026
जिला प्रशासन शिमला जिला में प्रदेश सरकार द्वारा प्रत्येक नागरिक को डिजिटल सशक्तिकरण के माध्यम से सरकारी सेवाओं का त्वरित लाभ पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस दिशा में ई-परिवार और हिम परिवार परियोजनाएं मील का पत्थर साबित हो रही हैं।
वर्तमान में राज्य के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में व्यापक डिजिटल सर्वेक्षण कार्य प्रगति पर है, जिनका उद्देश्य एक सटीक स्टेट सोशल रजिस्टर तैयार करना है।
जिला में अभी तक 60 फीसदी परिवारों का रिकार्ड ऑनलाईन अपडेट किया जा चुका है जबकि 40 फीसदी परिवारों का रिकार्ड अपडेट होना सुनिश्चित है।
उपायुक्त अनुपम कश्यप ने इस बारे में वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जिला के सभी एसडीएम और खंड विकास अधिकारियों के साथ आज एक बैठक की।
उपायुक्त ने निर्देश दिए कि जिन पंचायतों का रिकॉर्ड अभी तक ई परिवार के तहत अपडेट नहीं हुआ है, वे सभी 19 जनवरी से पहले लंबित कार्य पूरा कर लें।
इसके साथ ही जो कर्मचारी इस कार्य में लेट लतीफी कर रहे है, उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। सरकार की ओर से 31 जनवरी 2026 तक सर्वेक्षण की अंतिम तिथि तय की गई है।
उपायुक्त ने कहा कि जिला में कई पंचायतें ऐसी भी है जहां पर रिकॉर्ड अपडेट करने का कार्य 100 फीसदी पूर्ण किया जा चुका है। उपायुक्त ने कहा रिकॉर्ड अपडेट में देरी को लेकर खंड विकास अधिकारी पूर्ण रूप से जिम्मेवार होेंगे।
अनुपम कश्यप ने कहा कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना के अंतर्गत प्रत्येक परिवार को 12-अंकों की एक विशिष्ट (यूनिक) आईडी आवंटित की जा रही है। यह आईडी परिवार के डेटा को आधार ई-केवाईसी के माध्यम से सत्यापित करने के बाद सक्रिय होगी।
इस डिजिटल डेटाबेस के बनने से भविष्य में नागरिकों को राशन कार्ड, वृद्धावस्था पेंशन, किसान सम्मान निधि और मुख्यमंत्री आवास योजना जैसे लाभ प्राप्त करने के लिए बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर काटने या बार-बार दस्तावेज जमा करने की आवश्यकता नहीं होगी। डेटा के डिजिटल होने से न केवल पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि अपात्र लोगों की पहचान कर वास्तविक लाभार्थियों तक सहायता पहुँचाना आसान होगा।
उन्होंने कहा कि सरकार ने नागरिकों की सुविधा के लिए हिम परिवार पोर्टल और ई-परिवार पोर्टल को अपडेट किया है। नागरिक इन पोर्टल्स के माध्यम से अपनी फैमिली आईडी की स्थिति देख सकते हैं और परिवार रजिस्टर की ऑनलाइन प्रतिलिपि डाउनलोड कर सकते हैं।
शहरी क्षेत्रों में डेटा सत्यापन का कार्य राशन कार्ड नंबर के आधार पर किया जा रहा है। इस मौके पर एडीसी दिव्यांशु सिंगल, एडीएम लाॅ एंड आर्डर पंकज शर्मा, एसडीएम शहरी ओशीन शर्मा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
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