रेजिडेंट डॉक्टर और मेडिकल ऑफिसर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर,अस्पताल में ओपीडी सेवाएं प्रभावित
इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) में शनिवार सुबह साढ़े नौ बजे रेजिडेंट डॉक्टर और मेडिकल ऑफिसर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। इस कारण अस्पताल में ओपीडी सेवाएं प्रभावित रहीं
यंगवार्ता न्यूज़ - शिमला 28-12-2025
इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज (आईजीएमसी) में शनिवार सुबह साढ़े नौ बजे रेजिडेंट डॉक्टर और मेडिकल ऑफिसर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। इस कारण अस्पताल में ओपीडी सेवाएं प्रभावित रहीं और मरीज उपचार के लिए यहां वहां भटकते रहे। वहीं डीडीयू में ओपीडी सेवा पूरी तरह ठप रही।
ओपीडी न चलने से मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ रही है और कई ऑपरेशन भी नहीं हुए। आईजीएमसी और केएनएच में करीब 75 ऑपरेशन टालने पड़े हैं। आईजीएमसी में सिर्फ जरूरी ऑपरेशन ही हुए। अस्पताल में आम दिनों में 50 के करीब ऑपरेशन होते हैं लेकिन अब आठ से दस सर्जरी ही हो रही हैं।
इस आधार पर हर रोज करीब 40 ऑपरेशन टल रहे हैं, अब आने वाले दिनों में मरीजों को दी गई ऑपरेशन की तिथियों में भी बदलाव होना तय माना जा रहा है। रेजिडेंट डॉक्टर एसोसिएशन (आरडीए) मारपीट मामले में बर्खास्त किए डॉक्टर की सेवाएं बहाल करने की मांग कर रही है। सुबह से ही रेजिडेंट डॉक्टर और मेडिकल ऑफिसर ने अस्पताल में नियमित सेवाएं नहीं दीं।
अस्पतालों में चिकित्सकों की हड़ताल की पूर्व सूचना के चलते शनिवार को मरीजों की संख्या बहुत कम रही। दीनदयाल उपाध्याय (डीडीयू) क्षेत्रीय अस्पताल शिमला में सुबह साढ़े नौ बजे से कुछ मरीज जानकारी के अभाव में ओपीडी में उपचार करवाने के लिए पहुंच गए थे। अस्पताल के पर्ची काउंटर में पूरे दिन में करीब सौ मरीज पर्ची बनवाने के लिए पहुंचे थे।
मुख्य गेट पर बैठे टांग पर प्लास्टर लगे पाहल के सुरेंद्र ने बताया कि आज उनका प्लास्टर कटना था, लेकिन एक्सरे सही है या नहीं यह कैसे पता चलेगा, ओपीडी में डॉक्टर नहीं हैं। कमला नेहरू अस्पताल में डॉक्टरों की हड़ताल के चलते अब सभी रूटीन ऑपरेशन भी टल गए हैं।
आमतौर पर रोजाना अस्पताल में रूटीन के औसतन 25 ऑपरेशन होते हैं। रोजाना सात से आठ आपातकालीन सर्जरी भी हो रही हैं। इसके लिए सीनियर रेजीडेंट भी सेवाएं देने के लिए पहुंच रहे हैं। अस्पताल में शनिवार सुबह ओपीडी खुलते ही इनके बाहर महिला मरीजों की लाइनें लग गईं।
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